: साइकिल चलाओ, नशा छोड़ो: बुशहर के युवाओं को एच.पी.यू.जे. उपाध्यक्ष वीरेंद्र कुमार की सशक्त अपील, साइकिलिंग से चमकाएं प्रदेश का नाम

साइकिल चलाओ, नशा छोड़ो: बुशहर के युवाओं को एच.पी.यू.जे. उपाध्यक्ष वीरेंद्र कुमार की सशक्त अपील, साइकिलिंग से चमकाएं प्रदेश का नाम

यूनियन के प्रधान प्रेमराज कश्यप और अन्य सदस्यों ने जताई सहमति

रामपुर बुशहर, 8 फरवरी (द सुप्रभात ब्यूरो

हिमाचल प्रदेश यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट्स (एच.पी.यू.जे.) की जिला शिमला इकाई के उपाध्यक्ष वीरेंद्र कुमार ने बुशहर क्षेत्र के युवाओं को साइकिलिंग के प्रति जागरूक करने के लिए एक विशेष संदेश जारी किया है। साइकिल चलाओ, नशा छोड़ो के नारे के साथ उन्होंने खेल को जीवन का अभिन्न अंग बताते हुए कहा कि यह न केवल शारीरिक-मानसिक स्वास्थ्य सुनिश्चित करता है, बल्कि नशे जैसी बुराइयों से भी मुक्ति दिलाता है। वीरेंद्र कुमार ने कहा कि खेल हमारे जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा है। हर व्यक्ति ने बचपन में साइकिल चलाई है, लेकिन अब इसे पुनः अपनाने का समय है। साइकिलिंग से युवा स्वस्थ रहेंगे और नशे की लत से दूर रहेंगे। उन्होंने बुशहर जैसे पहाड़ी क्षेत्रों में साइकिलिंग की संभावनाओं पर जोर देते हुए बताया कि यहां की प्राकृतिक सुंदरता और ऊबड़-खाबड़ रास्ते साइकिलिंग के लिए आदर्श हैं। बुशहर के युवा इसमें बढ़-चढ़कर भाग लें, ताकि वे राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बना सकें।

नशे के खिलाफ साइकिलिंग का हथियार:

हिमाचल प्रदेश में नशे की समस्या तेजी से बढ़ रही है, खासकर युवाओं में। राज्य सरकार की रिपोर्ट्स के अनुसार, युवा पीढ़ी में ड्रग्स और शराब की लत एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। वीरेंद्र ने इसे जोड़ते हुए कहा कि भारत में युवाओं की संख्या अधिक है और उनका भविष्य देश के भविष्य से जुड़ा है। साइकिलिंग जैसे खेल से वे नशे से दूर रहकर अपनी ऊर्जा रचनात्मक दिशा में लगाएं। उन्होंने उदाहरण दिया कि इंडियन फेडरेशन ऑफ साइकलिंग (आई.एफ.सी.) से जुड़कर हिमाचल के युवा एशियन गेम्स या ओलंपिक स्तर पर प्रदेश का परचम लहरा सकते हैं।

साइकिलिंग के फायदे और स्थानीय संभावनाएं:

कुमार ने बताया कि साइकिलिंग हृदय रोग, मधुमेह और तनाव जैसी समस्याओं से बचाव करती है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यू.एच.ओ.) के अनुसार, नियमित साइकिलिंग से 30 प्रतिशत तक मृत्यु दर कम हो सकती है। उन्होंने बताया कि बुशहर में साइकिलिंग क्लब बनाना चाहिए। स्थानीय प्रशासन और खेल विभाग से सहयोग लेकर युवाओं को ट्रेनिंग दी जाए। उन्होंने युवाओं, अभिभावकों और स्थानीय नेताओं से अपील की, साइकिलिंग को जीवनशैली बनाएं नशा छोड़कर स्वस्थ भारत का निर्माण करें।हिमाचल प्रदेश यूनियन का जर्नलिस्ट इकाई शिमला के प्रधान प्रेमराज कश्यप वरिष्ठ उप प्रधान श्याम लाल लिहाटू महासचिव निशांत शर्मा वह प्रेस सचिव संतोष शर्मा ने वीरेंद्र कुमार जी के इस विचार पर सहमति जाहिर की

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